मैंने छोटे और बड़े शहरों के एक बहुत अलग मुद्दे को महसूस किया है। हम बात करते हैं महिलाओं की शिक्षा की या नौकरी की ,मुझे लगता है शिक्षा और नौकरी से भी ज़्यादा बड़ा मुद्दा है की महिलाओं को नौकरी करने का मौका मिलता तो है पर कब तक?अगर शादी के बाद पति-पत्नी दोनों नौकरी करते हैं तो बच्चे की ज़िम्मेदारी कौन लेगा?और यही वो वजह है जिसके कारण अधिकत्तर महिलाओं को नौकरी छोड़नी पड़ती है। बहुत से ऑफिस क्रच(बच्चा घर) की सुविधा देते हैं पर अगर यह सुविधा सभी सेक्टरों में महिलाओं को प्रदान जाए तो महिलाओं की समस्या काफी हद तक खत्म हो जाएगी।