बारिश का ओल्ड कैसेट-
सुबह-सुबह बारिश हो जाये तो मूड फर्स्ट ऐ.सी जैसा हो जाता है। अब तो चैन से बारिश में भीगने को भी नहीं मिलता,वरना पहले स्कूल से आते वक़्त कदमों की रफ़्तार इतनी धीमे कर लेती थी जिससे भीगने में मज़ा आ जाए। अब वक़्त ही नहीं मिलता खिड़की के बाहर झाँकने का। हाँ पर कुछ साल पहले के कैसेट को रिवाइंड किया जाए तो अब तक मैं मम्मी से पकौड़े बनवाकर खा चुकी होती। तब उनके पास भी समय होता था तो पकौड़े ही क्यों पकौड़ों की वैरायटी मिल जाती थी मुझे। अब फ़्लैश बैक से वापस आती हूँ और काम शुरू करती हूँ। बारिश को याद करने के लिए कुछ मिनट बहुत थे। :):):):)
सुबह-सुबह बारिश हो जाये तो मूड फर्स्ट ऐ.सी जैसा हो जाता है। अब तो चैन से बारिश में भीगने को भी नहीं मिलता,वरना पहले स्कूल से आते वक़्त कदमों की रफ़्तार इतनी धीमे कर लेती थी जिससे भीगने में मज़ा आ जाए। अब वक़्त ही नहीं मिलता खिड़की के बाहर झाँकने का। हाँ पर कुछ साल पहले के कैसेट को रिवाइंड किया जाए तो अब तक मैं मम्मी से पकौड़े बनवाकर खा चुकी होती। तब उनके पास भी समय होता था तो पकौड़े ही क्यों पकौड़ों की वैरायटी मिल जाती थी मुझे। अब फ़्लैश बैक से वापस आती हूँ और काम शुरू करती हूँ। बारिश को याद करने के लिए कुछ मिनट बहुत थे। :):):):)

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